चावल के पौधे का विवरण – जानकारी और प्रयोग

दुनिया भर में व्यापार की वस्तु के रूप में चावल

मुख्य रूप से, एशिया में चावल सबसे लोकप्रिय खाद्य पदार्थों में से एक है, जहाँ दुनिया का ज्यादातर चावल उत्पादन होता है। व्यावसायिक रूप से चावल 110 से भी ज्यादा देशों में उगाया जाता है। इसके शीर्ष 5 उत्पादक देशों में चीन, भारत, इंडोनेशिया, बांग्लादेश और वियतनाम हैं। हालाँकि, चावल निर्यात करने वाले शीर्ष 5 देशों में भारत, थाईलैंड, संयुक्त राज्य, पाकिस्तान और वियतनाम शामिल हैं। एशिया और संयुक्त राज्य के अलावा, भूमध्यसागरीय देशों (इटली, मोरक्को, ग्रीस), लैटिन अमेरिका (उरुग्वे, पैराग्वे, ब्राजील, अर्जेंटीना) और मध्य यूरोप (बेल्जियम, नीदरलैंड्स) में भी सफलतापूर्वक चावल उगाया जाता है।

चीनी और मकई के बाद चावल को तीसरी सबसे महत्वपूर्ण कृषि वस्तु माना जाता है।

चावल के पौधे के बारे में जानकारी

चावल (ओरिज़ा सैटिवा) पोएसी (ग्रामीने) कुल से संबंधित, आमतौर पर वार्षिक, एकबीजपत्री पौधा है। खाने में प्रयोग करने के लिए बीजों (चावल) को एकत्रित करने के लिए ओरिज़ा घास की प्रजातियां लगायी जाती हैं। ज्यादातर मामलों में, चावल एक वार्षिक पौधा है। हालाँकि, बहुत दुर्लभ मामलों में, चावल का पौधा सदाबहार पौधे के रूप में भी उग सकता है और 10 साल या उससे ज्यादा समय तक बचा रह सकता है। वार्षिक चावल का जैविक चक्र (बीजारोपण से लेकर फसल की कटाई तक के दिन) 95 दिन (बहुत जल्दी उगने वाली किस्में) से लेकर 250 दिन (बहुत देर से उगने वाली किस्में) तक हो सकता है। मध्यम समय में पकने वाली किस्मों को बीज लगाने के बाद 120-150 दिन में काटा जा सकता है।

चावल के पौधे में जड़, तना, पत्तियां और पुष्पगुच्छ होता है। इस पौधे के जड़ की लंबाई 10 इंच (25-30 सेमी) से लेकर 40 इंच (100 सेमी) से भी ज्यादा तक हो सकती है। चावल के दाने को अक्सर अनाज कहा जाता है। पुष्पगुच्छ पकने पर, हर चावल के पौधे में 50-60 से लेकर 120 से ज्यादा अनाज होते हैं। अनाज संरचना में तीन परतें होती हैं; खोल, चोकर का आवरण और भ्रूणपोष, जिसमें भ्रूण होता है।

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